साहू समाज रीवा (म0प्र0) में आपका स्वागत है
धन्‍यवाद
दान दाता संपर्क फॉर्म

शक्ति सिरोमणि माँ कर्मा प्रसंग

शक्ति सिरोमणि माँ कर्मा प्रसंग

  1. कर्मा बाई जी भगवान को बाल भाव से भजती थी विहारी जी से रोज बाते करती थी एक दिन बिहारी जी से बोले - तुम मेरी एक बात मानोगे.
    भगवान के कहा - कहो ! क्या बात है ?

    कर्मा बाई जी ने कहा - मेरी एक इच्छा है की एक बार अपने हाथों से आपको कुछ बनाकर खिलाऊ
    बिहारी जी ने कहा - ठीक है | अगले दिन कर्मा बाई जी ने खिचडी बनायी और बिहारी जी को भोग लगाया | जब बिहारी जे ने खिचडी खाई , तो उन्हें इतनी अच्छी लगी की वे रोज आने लगे, कर्मा बाई रोज सुबह उठकर सबसे पहले खिचडी बनाती बिहारे जी भी सुबह होते ही दौड़कर आते और दरवाजे से ही आवाज लगाते , माँ मै आ गया जल्दी से खिचडी लाओ , कर्मा बाई जी लाकर सामने रख देती भगवान भोग लगाते और चले जाते |
    एक बार एक संत कर्माबाई जी के पास आये और उन्होंने सब देखा तो बे बोले आप सर्वप्रथम सुबह उठकर खिचडी क्यों बनाती है , न स्नान किये है न ही रसोई घर साफ की , आप को ये सब करके फिर भगवान के लिए भोग बनाना चाहिए , अगले दिन कर्माबाई जी ने ऐसा ही किया |
    जैसे ही सुबह हुई भगवान आये और बोले माँ में आ गया , खिचडी लाओ ?

    कर्मा बाई जी ने कहा- अभी मई स्नान कर रही हूँ थोड़ा रुको ! थोड़ी देर बाद भगवान ने आवाज लगाई, जल्दी कर माँ मेरे मंदिर के पट खुल जायेंगे मुझे जाना है वे फिर बोली - अभी में सफाई कर रही हूँ भगवान ने सोचा आज मेरी माँ को क्या हो गया है , ऐसा तो पहले कभी नहीं हुआ | भगवान ने झटपट जल्दी-जल्दी खिचडी खाई , आज खिचडी में स्वाद नही आया और बिना पानी पिए ही भागे, बाहर संत को देखा तो समझ गए जरूर इसी संत ने पट्टी पढाई होगी पुजारी जे ने जैसे ही मंदिर के पट खोले तो देखा के मुख में खिचडी लगी थी वे बोले - प्रभु ये खिचडी कैसे आप के मुख में लग गयी

    भगवान के कहा - पुजारी की आप उस संत के पास जाओ और उसे समझाओ मेरी माँ को कैसी पट्टी पढाई है , पुजारी जी ने संत से सारी बात कही और संत घवराए और तुरंत कर्मा बाई जी के पास जाकर कहा - की ये नियम धरम तो हम संतो के लिए है आप तो जौसे बनाते थी वैसे ही बनाए , अगले दिन से फिर उन्होंने बैसे ही बनाना शुरू कर दिया और भगवान बड़े प्रेम से प्रतिदिन आते और खिचडी खाते |

    एक दिन कर्मा बाई जी मर गयी तो भगवान बहुत रोये , जो पुजारी जी ने पट खोला भगवान रो रहे थे पुजारी जी ने पूछा आप क्यों रो रहे हो , तो भगवान बोले - पुजारी जी ! आज मेरी मर गयी अब मुझे कौन खिचडी बनाकर खिलायेगा पुजारी जी बोले प्रभु आज से आप को सबसे पहले रोज खिचडी का भोग लगेगा इस तरह आज भी जगन्नाथ भगवान को खिचडी का भोग लगता है
  2. प्रसंग - कर्मा बी जी कोइ भी काम करते समय भगवान के नामो का उच्चारण करती रहती थी उनका हर काम भगवान के लिए ही होता था वे यदि कंडे भी थापती थी तो भी भगवान का गान करती रहती थी एक बार उनके कंडे किसी ने चोरी कर लिए ये जानकर उन्हें बड़ा दुःख हुआ तब किसी ने कहा - हम घर -घर जाकर लोगो से पूछेंगे , हम पता लगायेंगे आप हमारे संत चलिए

    कर्मा बाई जी उसके साथ गयी और हर घर में जाकर कंडे उडाती और अपने कानो से लगाती , तो लोगो को बड़ा आश्चर्य हुआ की ये क्या कर रही है इसी प्रकार बहुत से घरो में गयी जब बे एक घर में गयी और जौसे ही उन्होंने कंडे को उठाकर अपने कानो से लगाया वे तुरंत बोली ये ही मेरे कंडे है तब सबने पूछा आप को कैसे पता तो, माँ कर्मा बाई जी बोली जब मैंने इन कन्डो को कान से लगाया तो इसमे से भगवान नाम की ध्वनि निकल रही थी क्योंकि मै जब कंडे थापती हूँ तो भगवान नाम का उच्चारण करती जाती हूँ

    सार ...
    भगवान की पूजा भाव से प्रेम से की जानी चाहिए यदि नही , तो ये साफ सफाई , नहाना धोना, तो सिर्फ एक आडम्बर मात्र रह जायेंगे

ताजा खबर
  • दान दाताओ की सूची

    स्‍व0 श्री रामचन्‍द्र साहू
    श्रीमती कलावती साहू
    श्री सत्‍यनारायण साहू
    श्री भोला प्रसाद साहू
    श्री सूरज प्रकाश साहू
    श्री जगदीश प्रसाद साहू
    श्री शिवम साहू
    श्री उमाशंकर साहू
    श्री बच्‍चूलाल साहू
    श्री दयाराम साहू
    श्री कमलेश साहू
    श्री के. के. गुप्‍ता
    श्री रामचन्‍द्र साहू
    श्री अनिल साहू
    श्री बसंत साहू
    श्री गणेश साहू
    श्री डी. के. साहू
    डॉ0 रामयश साहू
    श्री लक्ष्‍मण प्रासाद
    श्री उमेश साहू
    श्री सुनील साहू
    श्री हनुमान प्रसाद गुप्‍ता
    श्री रामलाल साहू
    श्री सुमित कुमार गुप्‍ता
    श्री रामक्रपाल साहू
    श्री शारदा प्रसाद साहू
    श्री संतोष साहू
    श्री धनपत लाल साहू
    श्री मनोज साहू
    श्री भगवानदीन साहू
    श्री सतीश साहू
    श्री सरमन साहू
    श्री सुरेश साहू




    View Details »
  • प्रतिभा मंच

    साहू समाज रीवा द्वारा प्रतिभा मंच का सफल आयोजन हुआ
    कार्यक्रम में गत वर्ष 10वीं,12वीं परीक्षा के मेधावी छात्रों में 75 प्रतिषत व उससे उपर अंक प्राप्त करने वाले छात्रों का सम्मान मुख्य अतिथि- कमल किषोर साहू जी, मनीष गुप्ता, कंचन गुप्ता, सीताराम सोंधिया, जितेन्द्र चैरसिया, अमित गुप्ता द्वारा किया गया जिसमें -12वीं में- सरोज साहू प्रथम, कंचन साहू द्वितीय, षिवांगी साहू तृतीय, राखी साहू व पूजा साहू। 10वीं में- मनीषा साहू प्रथम, सचिन साहू द्वितीय, स्वाति साहू तृतीय, पियूष साहू, आकांक्षा साहू, लवकुष साहू, अनूप कुमार साहू, भावना साहू, पूरन साहू व प्रमिला साहू।
    View Details »
  • एडवरटाइजमेंट














सोसल मीडिया

Advertisement

...